सरकार और यूजीसी द्वारा पारित उच्च शिक्षा संस्थानों के सामानता के संवर्धन हेतु विनियम 2026 कानून का भारतीय किसान यूनियन क्रांतिकारी संगठन ने किया विरोध
उत्तरप्रदेश- सरकार और यूजीसी द्वारा पारित उच्च शिक्षा संस्थानों के सामानता के संवर्धन हेतु विनियम 2026 कानून का भारतीय किसान यूनियन क्रांतिकारी संगठन ने किया विरोध।
हाल ही में सरकार और यूजीसी ने उच्च शिक्षा संस्थानों में समानता के संवर्धन हेतु विनियम 2026 नाम से एक नया कानून पारित किया है जिसको लेकर देश भर में सामान्य वर्ग के नागरिकों में उबाल देखने को मिल रहा है।
आज भारतीय किसान यूनियन क्रांतिकारी संगठन ने अपने सैकड़ो कार्यकर्ताओं के साथ तहसील खतौली में जमकर धरना प्रदर्शन व हंगामा किया भारी नारेबाजी के बीच मोदी सरकार होश में आओ के नारे लगाए गए।
भारतीय किसान यूनियन क्रांतिकारी के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजीव राणा के नेतृत्व में भारतीय किसान यूनियन क्रांतिकारी के सैकड़ो कार्यकर्ता नारेबाजी करते हुए जुलूस के साथ खतौली तहसील पहुंचे जहां वक्ताओं ने इस नियम को लेकर कड़ी आपत्ति जाहिर की तथा सरकार से इस काले कानून को तुरंत वापस करने की मांग की।
राष्ट्रीय अध्यक्ष राजीव राणा ने कहा कि सरकार ऐसे कानून लाकर समाज में भेदभाव व जातिवादी मानसिकता भड़काने का काम कर रही है। सभी पदाधिकारीयों ने इस कानून पर कड़ी आपत्ति जाहिर की तथा सरकार से इस काले कानून को तुरंत वापस करने की मांग की।
राष्ट्रीय अध्यक्ष राजीव राणा ने कहा कि सरकार ऐसे बिल लाकर समाज में भेदभाव उत्पन्न कर रही है ऐसे बिल सामाजिक ताने-बाने के लिए बहुत ही हानिकारक है भारतीय किसान यूनियन क्रांतिकारी संगठन ऐसे बिल की घोर निंदा करता है भारतीय किसान यूनियन क्रांतिकारी के राष्ट्रीय सचिव भूमेश कुमार सोम ने सरकार को चेतावनी देते हुए कहा की स्वर्ण समाज को छेड़ना सरकार के लिए हानिकारक साबित हो सकता है।
पिछले लोकसभा चुनाव में थोड़ी सी नाराजगी दिखाने से ही 73 सीटों की जगह 33 हो गई थी परंतु लगता है कि इस बार उत्तर प्रदेश में तीन ही सीटों पर सिमटने का मन कर रहा है। स्वर्ण समाज की छाती पर पैर रखकर भारतीय जनता पार्टी शासन के उच्च शिखर तक पहुंची है यदि स्वर्ण समाज ने पूरी नजर टेढ़ी कर ली तो इसी तेजी के साथ नीचे भी आ जाएगी।
सभा जिला अध्यक्ष डॉ संजय चौहान, जिला अध्यक्ष सेवा प्रकोष्ठ राजीव राणा आदि ने भी सरकार से बिल वापस न लेने पर देश व्यापी आंदोलन की चेतावनी दी।इसके बाद भारी नारेबाजी करते हुए उपजिलाधिकारी खतौली की अनुमति में तहसीलदार को एक ज्ञापन सौंपा गया जिसमें सरकार से इस कानून को तुरंत वापस लेने की मांग की गई ऐसा न होने पर पूरे देश में बड़े स्तर पर जन जागरूक अभियान चलाने का निर्णय लिया गया।
इस अवसर पर राष्ट्रीय संगठन मंत्री जगपाल फौजी, जिला अध्यक्ष मुजफ्फरनगर डॉक्टर संजय चौहान व जिला अध्यक्ष सेवा प्रकोष्ठ राजीव राणा, जिला सचिव मनोज सोम, तहसील अध्यक्ष चंद्रप्रकाश, तहसील अध्यक्ष चिकित्सा प्रकोष्ठ डॉ मोहित सोम , तहसील अध्यक्ष सेवा प्रकोष्ठ सुन्दर चौहान, तहसील सचिव राजेंद्र चौहान, बसंत सोम, विकास सोम,अनिरुद्ध चौहान,मोहित शर्मा, आदेश, रवि, सूरज, योगेश, रामौतार,शेरपाल, मनोज , पिंटू, सुमित, सूरज , सचिव, प्रियांशु, रितिक , शेखर, लविश, मोहकम, शिवम्, कपिल , विक्रांत , रविन्द्र, राकेश, डॉ दुर्गेश , निश्चित सोम सहित भारी संख्या में पदाधिकारी मौजूद रहे।
